प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गुरुवार को उत्तराखंड पहुंचे, जहां उन्हें देहरादून एयरपोर्ट पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने स्वागत किया। इसके बाद उन्होंने मुखवा में गंगा के शीतकालीन स्थान पर पूजा अर्चना की।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गुरुवार को उत्तराखंड पहुंचे और इस दौरान उन्होंने राज्य के ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व के स्थल मुखवा में गंगा के शीतकालीन प्रवास पर पूजा अर्चना की। प्रधानमंत्री मोदी के इस दौरे ने न केवल उत्तराखंड बल्कि पूरे देश के श्रद्धालुओं और राजनीतिक हलकों में चर्चा का विषय बना दिया। इस लेख में हम प्रधानमंत्री मोदी के उत्तराखंड दौरे, उनकी पूजा अर्चना और राज्य की धार्मिक धरोहर पर ध्यान केंद्रित करेंगे।
देहरादून एयरपोर्ट पर स्वागत
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उत्तराखंड पहुंचने पर उनका जोरदार स्वागत किया गया। देहरादून एयरपोर्ट पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, प्रदेश भाजपा के नेता और अन्य प्रशासनिक अधिकारी उनके स्वागत के लिए मौजूद थे। जैसे ही पीएम मोदी एयरपोर्ट पर पहुंचे, राज्यभर के लोग उनका गर्मजोशी से स्वागत करने के लिए एकत्रित हुए। इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने वहां मौजूद लोगों से बातचीत की और राज्य की समृद्धि और विकास के लिए अपना समर्थन व्यक्त किया।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रधानमंत्री मोदी का स्वागत करते हुए कहा कि उनका उत्तराखंड दौरा राज्य के लिए ऐतिहासिक महत्व रखता है। उन्होंने पीएम मोदी के नेतृत्व में राज्य के विकास की दिशा में किए गए प्रयासों का जिक्र किया और यह भी कहा कि राज्य की समृद्धि के लिए उनकी सरकार लगातार काम कर रही है।
मुखवा में गंगा के शीतकालीन स्थान पर पूजा
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने उत्तराखंड दौरे के दौरान मुखवा में गंगा के शीतकालीन प्रवास स्थल पर पूजा अर्चना की। मुखवा, जो कि उत्तरकाशी जिले में स्थित है, गंगा नदी के शीतकालीन प्रवास का महत्वपूर्ण स्थल माना जाता है। यहां हर साल गंगा के दर्शन करने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु आते हैं, और यह स्थान धार्मिक और सांस्कृतिक दृष्टि से बहुत महत्वपूर्ण है।
प्रधानमंत्री मोदी ने इस पवित्र स्थल पर पहुंचकर गंगा के प्रति अपनी श्रद्धा अर्पित की। पूजा के दौरान उन्होंने गंगा मैया से देशवासियों की सुख-शांति और समृद्धि की कामना की। उनके साथ राज्य के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, धार्मिक गुरु और स्थानीय जनप्रतिनिधि भी उपस्थित थे। पीएम मोदी ने इस मौके पर गंगा की स्वच्छता और संरक्षण के महत्व पर भी जोर दिया। उन्होंने गंगा के प्रवाह को सुरक्षित रखने के लिए राज्य सरकार और केंद्र सरकार के बीच मिलकर काम करने की आवश्यकता पर बल दिया।
गंगा की स्वच्छता और संरक्षण पर प्रधानमंत्री का संदेश
गंगा को भारतीय संस्कृति और धर्म का अभिन्न हिस्सा माना जाता है। यह सिर्फ एक नदी नहीं बल्कि भारतीय जनमानस की आस्था का प्रतीक है। प्रधानमंत्री मोदी ने गंगा के प्रति अपनी गहरी श्रद्धा जताते हुए नदी की स्वच्छता और संरक्षण पर विशेष ध्यान केंद्रित किया। उन्होंने कहा कि गंगा को शुद्ध और निर्मल रखने की जिम्मेदारी हम सभी की है। उनका यह भी कहना था कि गंगा की सफाई के लिए केंद्र और राज्य सरकारें मिलकर काम कर रही हैं, और इस दिशा में कई योजनाएं और परियोजनाएं चल रही हैं।
प्रधानमंत्री मोदी ने “नमामि गंगे” योजना के तहत केंद्र सरकार द्वारा किए जा रहे प्रयासों का उल्लेख किया। इस योजना के तहत गंगा नदी को प्रदूषण मुक्त करने, इसके प्रवाह को सुरक्षित रखने और गंगा के आस-पास के क्षेत्रों के विकास के लिए कई योजनाएं बनाई गई हैं। उन्होंने कहा कि गंगा के संरक्षण के लिए हर व्यक्ति को जागरूक होना चाहिए, क्योंकि यह न सिर्फ हमारी आस्था से जुड़ी है, बल्कि हमारे पर्यावरण और जल संसाधनों के लिए भी अत्यंत महत्वपूर्ण है।
उत्तराखंड के धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व पर चर्चा
उत्तराखंड को देवभूमि के नाम से जाना जाता है, और यहां की धार्मिक और सांस्कृतिक धरोहर पूरी दुनिया में प्रसिद्ध है। राज्य में कई प्रमुख तीर्थ स्थल स्थित हैं, जिनमें चार धाम (बद्रीनाथ, केदारनाथ, यमुनोत्री, और गंगोत्री) प्रमुख हैं। इन स्थानों पर लाखों श्रद्धालु हर साल दर्शन करने के लिए आते हैं।
मुखवा में गंगा के शीतकालीन प्रवास स्थल पर पूजा अर्चना करना प्रधानमंत्री मोदी के लिए भी एक महत्वपूर्ण धार्मिक अनुभव था। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड का धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व न केवल भारत में बल्कि पूरी दुनिया में मान्यता प्राप्त है। यहां की पहाड़ियों, नदियों और मंदिरों में एक विशेष प्रकार की शांति और आस्था का माहौल है, जो श्रद्धालुओं को आकर्षित करता है।
प्रधानमंत्री मोदी ने इस अवसर पर कहा कि उत्तराखंड को न केवल तीर्थाटन के लिए एक महत्वपूर्ण स्थान के रूप में देखा जाता है, बल्कि यहां के लोग भी अपनी मेहनत और समर्पण के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने राज्य में हो रहे विकास कार्यों की सराहना की और यह भी कहा कि राज्य की जनता के सहयोग से उत्तराखंड और भी तरक्की करेगा।
उत्तराखंड के विकास के लिए प्रधानमंत्री की योजनाएं
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने उत्तराखंड दौरे के दौरान राज्य के विकास के लिए कई योजनाओं का उद्घाटन किया। उन्होंने राज्य के इंफ्रास्ट्रक्चर, शिक्षा, स्वास्थ्य और पर्यटन क्षेत्र में हो रहे विकास कार्यों की सराहना की। इसके अलावा, प्रधानमंत्री मोदी ने राज्य के युवाओं को रोजगार के अवसर प्रदान करने के लिए कई योजनाओं का जिक्र किया।
उन्होंने कहा कि उत्तराखंड के विकास के लिए केंद्र सरकार पूरी तरह से प्रतिबद्ध है और राज्य सरकार के साथ मिलकर काम कर रही है। प्रधानमंत्री ने उत्तराखंड को एक प्रमुख पर्यटन स्थल बनाने के लिए राज्य सरकार के प्रयासों का समर्थन किया और कहा कि इसके लिए जरूरी इंफ्रास्ट्रक्चर और सुविधाएं बेहतर बनाई जा रही हैं।
निष्कर्ष
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का उत्तराखंड दौरा राज्य की धार्मिक, सांस्कृतिक और आर्थिक धरोहर को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। मुखवा में गंगा के शीतकालीन प्रवास पर पूजा अर्चना कर उन्होंने राज्यवासियों को एक मजबूत संदेश दिया कि धर्म और विकास एक साथ चल सकते हैं। गंगा की स्वच्छता और संरक्षण के लिए उनके द्वारा दिए गए सुझाव और राज्य के विकास के लिए उनके द्वारा किए गए प्रयास यह स्पष्ट करते हैं कि प्रधानमंत्री मोदी उत्तराखंड को हर दृष्टि से एक समृद्ध और सशक्त राज्य बनाना चाहते हैं।