वरिष्ठ राजनीतिज्ञ लालू प्रसाद यादव लंबे समय से कई स्वास्थ्य समस्याओं, जिसमें किडनी की समस्या, हृदय रोग और डायबिटीज शामिल हैं, से जूझ रहे हैं। पटना के डॉक्टरों ने उन्हें दिल्ली जाकर उन्नत इलाज कराने की सलाह दी है।

पटना: बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के प्रमुख लालू प्रसाद यादव की तबीयत में अचानक गिरावट आई है। पिछले कई दिनों से उनका स्वास्थ्य काफी नाजुक बना हुआ था, और अब डॉक्टर्स ने उन्हें दिल्ली भेजने का फैसला किया है। लालू यादव की सेहत को लेकर चिंताएँ बढ़ गई हैं, क्योंकि वे लंबे समय से किडनी, हृदय रोग और डायबिटीज जैसी गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रहे हैं। पटना के चिकित्सकों ने उन्हें उन्नत इलाज के लिए दिल्ली जाने की सलाह दी है।
लालू यादव की सेहत और उनकी गंभीर समस्याएँ
लालू प्रसाद यादव का स्वास्थ्य कई महीनों से स्थिर नहीं था। उनकी किडनी में परेशानी, हृदय रोग, और शुगर की समस्या उन्हें लगातार परेशान कर रही थी। हाल ही में उनकी हालत और बिगड़ी, जिसके बाद डॉक्टरों ने उन्हें बेहतर इलाज के लिए दिल्ली भेजने का निर्णय लिया।
लालू यादव को पिछले कुछ वर्षों में कई बार स्वास्थ्य संकटों का सामना करना पड़ा है। 2017 में, वह गंभीर किडनी बीमारी का शिकार हो गए थे और इसके बाद उन्हें लगातार डायलिसिस करवाना पड़ रहा था। इसके अलावा, उन्हें हृदय संबंधी भी समस्याएं हैं, जो उनके स्वास्थ्य को और कमजोर करती हैं। डायबिटीज ने भी उनके शरीर को प्रभावित किया है, जिससे उनका इम्यून सिस्टम कमजोर हो गया है।
इस समय लालू यादव को पटना के एक प्रमुख अस्पताल में उपचार मिल रहा था, लेकिन उनकी हालत में सुधार नहीं हो रहा था, और डॉक्टरों ने उन्हें दिल्ली के किसी बेहतर अस्पताल में इलाज कराने की सलाह दी है।
पटना से दिल्ली शिफ्ट: डॉक्टरों ने दी सलाह
लालू यादव की तबीयत को देखते हुए पटना के डॉक्टरों ने उन्हें दिल्ली भेजने का फैसला किया। पटना के अस्पताल के एक वरिष्ठ डॉक्टर ने बताया, “लालू यादव की स्थिति बहुत नाजुक है। उनकी किडनी और हृदय की स्थिति काफी गंभीर हो गई है, और शुगर लेवल भी बढ़ गया है। हम उन्हें दिल्ली भेजने की सलाह दे रहे हैं ताकि उन्हें उन्नत उपचार मिल सके।”
डॉक्टरों ने यह भी बताया कि लालू यादव का इलाज अब एक विशेष और उन्नत स्तर पर किया जाना जरूरी है, ताकि उनकी स्थिति में सुधार हो सके। डॉक्टरों के अनुसार, दिल्ली के अस्पताल में उनकी किडनी और हृदय संबंधी समस्याओं का बेहतर इलाज हो सकता है। इसके अलावा, उनकी शुगर की स्थिति को भी नियंत्रित किया जा सकता है।
लालू यादव का परिवार और राजनीति में हलचल
लालू यादव के स्वास्थ्य के बारे में खबरें फैलते ही उनके परिवार और समर्थकों में घबराहट फैल गई है। उनका परिवार खासकर उनकी पत्नी राबड़ी देवी और उनके पुत्र तेजस्वी यादव इस समय उनके पास हैं। तेजस्वी यादव ने मीडिया से बातचीत करते हुए कहा, “हमारे पिताजी का स्वास्थ्य पहले से बेहतर था, लेकिन अब उनकी स्थिति गंभीर हो गई है। हम उनके साथ हैं और उन्हें हर संभव इलाज मुहैया कराएंगे।”
लालू यादव के स्वास्थ्य को लेकर राजनेताओं की प्रतिक्रियाएँ भी आ रही हैं। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने भी लालू यादव के स्वास्थ्य के बारे में चिंता जताई है। नीतीश कुमार ने कहा, “हम लालू जी की सेहत के लिए प्रार्थना करते हैं और उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना करते हैं।”
राष्ट्रीय राजनीति में लालू यादव की भूमिका हमेशा अहम रही है। उनका स्वास्थ्य बिगड़ने के बाद से बिहार में राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। खासकर राजद और विपक्षी दलों में इस बारे में चर्चाएँ चल रही हैं कि क्या लालू यादव का स्वास्थ्य उनके राजनीतिक भविष्य पर असर डालेगा या नहीं।
लालू यादव का राजनीतिक जीवन: एक परिचय
लालू प्रसाद यादव का राजनीतिक जीवन काफी उतार-चढ़ाव से भरा रहा है। वह 1990 में बिहार के मुख्यमंत्री बने और तब से लेकर आज तक राजनीति में एक प्रभावशाली नेता के रूप में स्थापित रहे हैं। उन्होंने अपनी राजनीतिक यात्रा की शुरुआत भारतीय जनता पार्टी (BJP) और कांग्रेस के खिलाफ संघर्ष करते हुए की थी और अपनी पार्टी RJD को बिहार की राजनीति में एक महत्वपूर्ण स्थान दिलवाया।
लालू यादव के शासनकाल में बिहार में कई सुधार हुए, लेकिन उनकी छवि हमेशा विवादों से घिरी रही। 2017 में उन्हें चारा घोटाले में दोषी ठहराया गया, जिसके बाद उन्होंने अपनी पार्टी की कमान अपने बेटे तेजस्वी यादव को सौंप दी। बावजूद इसके, लालू यादव का प्रभाव और समर्थन अभी भी बिहार और देशभर में बना हुआ है।
चिंता और प्रार्थनाएँ: देशभर से आ रही हैं शुभकामनाएँ
लालू यादव के स्वास्थ्य को लेकर देशभर से शुभकामनाएँ और प्रार्थनाएँ आ रही हैं। उनके समर्थक और राजनीतिक प्रतिद्वंद्वी दोनों ही उनके जल्दी स्वस्थ होने की कामना कर रहे हैं। समाजवादी पार्टी के नेता अखिलेश यादव ने भी ट्वीट कर लालू यादव के स्वास्थ्य को लेकर चिंता व्यक्त की और उनके जल्द ठीक होने की कामना की।
कांग्रेस के नेताओं ने भी लालू यादव के स्वास्थ्य को लेकर चिंता जताई है। पार्टी के वरिष्ठ नेता रणदीप सुरजेवाला ने कहा, “लालू यादव हमारे देश के एक बड़े नेता हैं। उनके स्वास्थ्य को लेकर हम सभी चिंतित हैं और प्रार्थना करते हैं कि वह जल्दी स्वस्थ हों।”
इसके अलावा, बिहार के विभिन्न हिस्सों में उनके समर्थकों द्वारा पूजा और प्रार्थनाएँ की जा रही हैं। उन्हें उम्मीद है कि लालू यादव जल्द ठीक हो जाएंगे और बिहार की राजनीति में अपना योगदान जारी रखेंगे।
निष्कर्ष
लालू प्रसाद यादव का स्वास्थ्य न केवल उनके परिवार और पार्टी के लिए बल्कि बिहार और देश की राजनीति के लिए भी एक बड़ा सवाल बन चुका है। उनका स्वास्थ्य बहुत ही नाजुक है और उनकी स्थिति में सुधार के लिए उन्नत इलाज की आवश्यकता है। पटना से दिल्ली भेजे जाने के बाद अब सभी की उम्मीदें दिल्ली के अस्पतालों से जुड़ी हुई हैं।
इस बीच, लालू यादव के समर्थकों और राजनैतिक हलकों में उनके स्वास्थ्य को लेकर चिंता गहरी हो गई है, लेकिन उनका राजनीतिक योगदान और प्रभाव अब भी मजबूत है। यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि उनके स्वास्थ्य में सुधार होता है या नहीं और इसका असर उनकी राजनीतिक गतिविधियों पर क्या पड़ता है।
लालू यादव की सेहत में सुधार के लिए देशभर से शुभकामनाएँ आ रही हैं, और उनके समर्थक प्रार्थना कर रहे हैं कि वह जल्दी ठीक हो जाएं और राजनीति में अपनी सक्रिय भूमिका निभाएं।