मुंबई पुलिस ने बुलढाणा से दो संदिग्धों को गिरफ्तार किया, जिन्होंने महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की कार को बम से उड़ाने की धमकी वाली ईमेल भेजी थी। मुंबई क्राइम ब्रांच मामले की जांच कर रही है, जिससे सुरक्षा चिंताएँ और बढ़ गई हैं।

मुंबई: महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की कार को बम से उड़ाने की धमकी देने वाले दो संदिग्धों को मुंबई पुलिस ने बुलढाणा से गिरफ्तार कर लिया है। इस धमकी के बाद मुंबई पुलिस और राज्य सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप मच गया है। यह घटना मुंबई क्राइम ब्रांच के लिए बड़ी चुनौती बन चुकी है, और उन्होंने मामले की गहराई से जांच शुरू कर दी है।
धमकी भरी ईमेल का खुलासा
महाराष्ट्र सरकार के एक उच्च अधिकारी ने पुष्टि की है कि 20 फरवरी, 2025 को मुंबई पुलिस को एक धमकी भरी ईमेल प्राप्त हुई थी, जिसमें उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की कार को बम से उड़ाने की धमकी दी गई थी। इस ईमेल के प्राप्त होते ही मुंबई पुलिस ने तुरंत सुरक्षा उपायों को सख्त किया और मामले की जांच शुरू की। ईमेल में धमकी देने वालों ने स्पष्ट रूप से कहा था कि वे शिंदे के वाहन को निशाना बनाएंगे।
मुंबई पुलिस ने इस धमकी के बाद त्वरित कार्रवाई करते हुए अपनी विशेष अपराध शाखा (क्राइम ब्रांच) को मामले की जांच सौंप दी। पुलिस ने साइबर ट्रैकिंग तकनीक का इस्तेमाल करते हुए इस ईमेल को भेजने वाले दो संदिग्धों को बुलढाणा जिले से गिरफ्तार कर लिया। दोनों संदिग्धों के खिलाफ गंभीर आरोप लगाए गए हैं, और पुलिस उनसे पूछताछ कर रही है।
संदिग्धों का गिरफ्तार होना
पुलिस सूत्रों के अनुसार, इन दोनों संदिग्धों को बुलढाणा जिले से गिरफ्तार किया गया। एक संदिग्ध का नाम विजय पाटिल और दूसरे का नाम राजेश यादव बताया जा रहा है। दोनों आरोपियों को मुंबई लाया गया है, जहां उनसे पूछताछ की जा रही है। प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि दोनों संदिग्धों का किसी न किसी राजनीतिक संगठन से संबंध हो सकता है, लेकिन पुलिस इस पहलू पर भी गहन जांच कर रही है।
सुरक्षा को लेकर बढ़ी चिंताएँ
धमकी मिलने के बाद मुंबई पुलिस ने उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की सुरक्षा को और सख्त कर दिया है। पुलिस ने शिंदे की सुरक्षा में तैनात विशेष दल को अतिरिक्त निर्देश दिए हैं, जिससे कोई भी अप्रत्याशित घटना न घटित हो। इसके अलावा, मुंबई शहर में भी सुरक्षा व्यवस्था को कड़ा कर दिया गया है। इस घटना के बाद मुख्यमंत्री कार्यालय ने भी राज्य भर में सुरक्षा बढ़ाने का निर्देश दिया है।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह की धमकियाँ केवल एक व्यक्ति को निशाना बनाने की नहीं, बल्कि पूरे राज्य की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाने का प्रयास हो सकती हैं। इसके कारण राज्य और केंद्र सरकार दोनों ही अधिक चौकस हो गए हैं।
क्राइम ब्रांच की जांच और कार्रवाई
मुंबई क्राइम ब्रांच ने इस मामले को गंभीरता से लिया है और मामले की जांच तेजी से आगे बढ़ाई जा रही है। पुलिस ने तकनीकी निगरानी और साइबर फॉरेंसिक का सहारा लेते हुए आरोपियों के ठिकानों की छानबीन की है। इस मामले में कई अहम सुराग भी हाथ लगे हैं, जिनकी मदद से पुलिस अन्य संदिग्धों की तलाश भी कर रही है।
साथ ही, पुलिस का कहना है कि मामले में जितनी भी गहरी जांच की जाएगी, उतनी ही सटीक जानकारी सामने आएगी। यह भी संभावना जताई जा रही है कि आरोपियों का कोई बड़ा नेटवर्क हो सकता है, जो भविष्य में और अधिक हिंसक घटनाओं को अंजाम देने की साजिश रच रहा हो।
राजनीतिक प्रतिक्रिया
इस घटना पर राज्य के नेताओं और राजनीतिक दलों से मिली-जुली प्रतिक्रियाएँ आ रही हैं। विपक्षी पार्टियाँ सरकार से मांग कर रही हैं कि ऐसे मामलों में त्वरित कार्रवाई की जाए और दोषियों को कड़ी सजा दी जाए। वहीं, सत्ताधारी दल के नेताओं ने भी इस धमकी की कड़ी निंदा की है और पुलिस की कार्रवाई को सराहा है। मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री ने कहा है कि वे इस मामले में किसी भी तरह की ढील नहीं बरतेंगे और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
निष्कर्ष
महाराष्ट्र में उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की कार को उड़ाने की धमकी एक गंभीर सुरक्षा चिंता बन चुकी है। मुंबई पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दो संदिग्धों को गिरफ्तार किया है, और मामले की गहन जांच जारी है। राज्य सरकार ने सुरक्षा बढ़ा दी है, और इस घटना को लेकर राज्य में सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। अब यह देखना होगा कि पुलिस इस मामले में और क्या खुलासे करती है और आरोपियों को लेकर किस दिशा में जांच आगे बढ़ती है।