समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता व पूर्व मंत्री व्यास जी गोंड पार्टी से इस्तीफा दे सकते हैं. कुर्सी पर बैठने को लेकर पूर्व मंत्री व्यास जी गोंड और पूर्व मंत्री काशीनाथ यादव के बीच वाद विवाद हो गया था. इसके बाद अब वह इस्तीफा देने का मन बना रहे हैं.

समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव को नगर निकाय चुनाव से पहले बड़ा झटका लग सकता है. अखिल भारतवर्षीय गोंड महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मंत्री व्यास जी गोंड सपा से इस्तीफा दे सकते हैं. दरअसल, दो दिन पहले बलिया में मुलायम सिंह की स्मृति में आयोजित कार्यक्रम के दौरान कुर्सी पर बैठने को लेकर पूर्व मंत्री व्यास जी गोंड और पूर्व मंत्री काशीनाथ यादव के बीच वाद-विवाद हो गया थाय उस दौरान मंच पर पूर्व मंत्री अंबिका चौधरी सपा, जिलाध्यक्ष राज मंगल यादव सहित सपा के कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद थे.
जी गोंड का कहना है कि कार्यक्रम के दौरान काशीनाथ यादव द्वारा जानबूझकर उनका अपमान किया गया और वहां बैठे लोग मूक दर्शक बने रहे. व्यास जी गोंड का दावा है कि उनके साथ हुए अपमान को लेकर आदिवासी समाज एवं गोंड समाज के लोगों में आक्रोश है. ऐसे में यूपी के चंदौली और हमीरपुर के आदिवासी एवं गोंड समाज के लोगों ने सपा से इस्तीफा दे दिया है. वहीं सोनभद्र और मिर्जापुर में मीटिंग चल रही है जबकि बलिया के लोग आज इस्तीफा देने जा रहे हैं.
व्यास जी गोंड ने अपना दर्द बयां करते हुए कहा कि हालांकि अभी तक राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव से उनकी मुलाकात नहीं हुई है. उन्होंने कहा कि अगर मुलायम सिंह होते तो अब तक कार्रवाई कर ली जाती. वही व्यास जी गोंड ने पूर्व मंत्री काशीनाथ यादव पर आरोप लगाते हुए कहा कि ये पैसे वाले लोग हैं और यादव समाज के नेता हैं. तो वह हमें भी मार सकता है। बता दें कि व्यास जी गोंड का उनके समाज में और स्थानीय स्तर पर जनाधार है। ऐसे में सपा से इस्तीफा देने से पार्टी को झटका लग सकता है.