त्तराखंड में अंकिता भंडारी हत्याकांड को लेकर बवाल मचा हुआ है। मामले में सियासत भी गरमाई हुई है। इस बीच प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आश्वासन दिया है कि अंकिता भंडारी की हत्या के आरोपियों को जल्द सजा दिलाने के लिए मुकदमा फास्ट ट्रैक अदालत में चलाया जाएगा।

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को अंकिता भंडारी की हत्या के आरोपियों को शीघ्र सजा दिलाने के लिए मुकदमा ‘फास्ट ट्रैक’ अदालत में चलाने का आश्वासन दिया है. वहीं आज ऋषिकेश में दोषियों को फांसी दिए जाने की मांग को लेकर बड़ा प्रदर्शन किया जाना है. दूसरी ओर आरोपियों की रिमांड के लिए पुलिस आज कोर्ट का रूख भी करेगी. मुख्य आरोपी पुलकित हरिद्वार के पूर्व भाजपा नेता विनोद आर्य का पुत्र है. विनोद पूर्व में दर्जाधारी राज्य मंत्री भी रह चुके हैं. हालांकि, घटना के सामने आने के बाद भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने आर्य को तत्काल पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया.
वहीं अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान से मिली अंतिम पोस्टमार्टम रिपोर्ट अंकिता के परिजनों को दिखी गई है. इस रिपोर्ट में डूबने से मौत की पुष्टि हुई है.अंकिता के शरीर पर चार से पांच चोट के निशान की भी बात है.वहीं अंकिता भंडारी के घरवाले उसके अंतिम संस्कार के बाद पौड़ी जिले में अपने गांव पहुंच गए. यहां अंकिता के घरवालों ने बातचीत में कहा कि उन्हें मुआवज़ा नहीं इंसाफ़ चाहिए. अंकिता की मां का कहना है कि उन्हें आखिरी वक्त बेटी का चेहरा भी नहीं देखने दिया गया.