शेयर बाजार आज भी गुलजार है. चार दिनों में सेंसेक्स 2,000 अंकों से ज्यादा चढ़ा है. कच्चे तेल के दामों में गिरावट और विदेशी निवेशकों की लेवाली बढ़ने से मार्केट को बल मिला है.

वैश्विक बाजारों से मिले सकारात्मक संकेतों से भारतीय शेयर बाजारों में आज तेजी देखी जा रही है. बीते चार दिनों से शेयर बाजार गुलजार बना हुआ है. निफ्टी 16,500 के ऊपर वापस आ गया है, जबकि सेंसेक्स में 700 अंकों से ज्यादा की तेजी दर्ज की गई है. चार कारोबारी सत्रों में सेंसेक्स ने 2,000 अंक से अधिक की छलांग लगाई है. सकारात्मक वैश्विक संकेतों के अलावा तेल उत्पादकों और रिफाइनरों पर अप्रत्याशित कर में कटौती से बाजार की धारणा को सपोर्ट मिला है. सरकार ने पेट्रोल को दो शुल्क लगाने के एक महीने से भी कम समय में निर्यात लेवी से छूट दी है.
जानकारों की मानें, तो इन बदलावों से रिलायंस इंडस्ट्रीज, ऑयल एंड नेचुरल गैस कॉर्प और ऑयल इंडिया लिमिटेड जैसी कंपनियों को मदद मिलेगी. आरआईएल के शेयर करीब 3% ऊपर चढ़कर कारोबार करते हुए नजर आए हैं.
एफआईआई पिछले दो सत्रों में भारतीय इक्विटी के नेट लेवाल रहे हैं. लेकिन, 2022 में अब तक, विदेशी निवेशकों ने भारतीय शेयर बाजार से कुल बिक्री 30 बिलियन से अधिक बिक्री की है. डॉलर इंडेक्स हाल के उच्च स्तर से नीचे चला गया है. लेकिन अभी भी ऊंचे स्तर पर बना हुआ है.
साथ ही, कच्चे तेल की कीमतों में नरमी ने भी घरेलू बाजार की धारणा को मजबूत किया है. रूस पर पश्चिमी प्रतिबंधों के कारण आपूर्ति की आशंकाओं से तेल की कीमतों में तेजी आई है, लेकिन मुद्रास्फीति पर काबू पाने के लिए वैश्विक केंद्रीय बैंक के प्रयासों ने दबाव डाला, जिससे यह आशंका पैदा हो गई कि संभावित मंदी ऊर्जा की मांग में कटौती कर सकती है.