भारत के साथ ही कई अन्य देशों में यूक्रेन के राजदूतों को हटाया गया है. यूक्रेन के जर्मनी, चेक गणराज्य, नॉर्वे और हंगरी के राजदूतों की बर्खास्तगी की भी घोषणा की गई है.

रूस से जारी जंग के बीच यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की ने बड़ा कदम उठाया है. उन्होंने भारत समेत 9 देशों में तैनात अपने राजदूतों को बर्खास्त कर दिया है. जिन देशों से राजदूत हटाए गए हैं, उसमें भारत के अलावा जर्मनी, श्रीलंका, बांग्लादेश, नेपाल, मालदीव, नॉर्वे, हंगरी और चेक गणराज्य शामिल हैं.
यूक्रेन के राष्ट्रपति की वेबसाइट पर जारी किए गए आदेश के मुताबिक जर्मनी में यूक्रेन के राजदूत एंड्री मेलनिक को बर्खास्त कर दिया गया है. आदेश में कार्रवाई की वजह नहीं बतायी गई है. आदेश में यह भी नहीं बताया गया है कि इन राजदूतों को किसी दूसरी जगह पोस्टिंग मिलेगी या नहीं. जेलेंस्की ने आदेश में राजनयिकों से यूक्रेन के लिए अंतरराष्ट्रीय समर्थन और सैन्य सहायता को जुटाने का भी आग्रह किया है.
खेरसॉन के गवर्नर को भी निकाला गया
यूक्रेन के राष्ट्रपति जेलेंस्की ने रूसी कब्जे वाले खेरसॉन ओब्लास्ट गवर्नर हेनाडी लाहुता को भी हटा दिया है. राष्ट्रपति वलोडिमिर ने सर्वेंट ऑफ द पीपल पार्टी से खेरसॉन ओब्लास्ट की विधायिका सदस्य दिमित्रो बुट्री को कार्यवाहक गवर्नर के रूप में नियुक्त किया था.
देश से भागने वालों की होगी जांच
संसद के अध्यक्ष रुस्लान स्टेफनचुक ने बताया कि यूक्रेन पर रूस के हमले के बाद से अपने कर्तव्यों को निभाने के बजाए देश छोड़ने वाले प्रतिनिधियों के मामले की जांच के लिए एक अस्थायी जांच आयोग बनाया जाएगा.
बता दें कि रूस ने इस साल 24 फरवरी को पश्चिम समर्थित सैन्य गठबंधन नाटो में शामिल होने के खिलाफ यूक्रेन के खिलाफ आक्रमण शुरू किया था. रूस ने अमेरिका के नेतृत्व वाले पश्चिमी देशों पर यूक्रेन जैसे छोटे देशों को नाटो से जोड़कर और रूसी सीमाओं के बहुत करीब आकर अपने प्रभाव वाले क्षेत्र में विस्तार की कोशिश का आरोप लगाया था.