दूध कई प्रकार के प्रोटीन्स, विटामिन्स और कैल्शियम में भरपूर होता है, जो हड्डियों को मजबूत रखने में रखने में मदद करता है. कई लोग उसे कच्चा पीते हैं लेकिन पीने से पहले उसके नुकसान को जान लें.

दूध को कंप्लीट फूड माना जाता है क्योंकि इसमें तकरीबन सभी प्रकार के न्यूट्रिएंट्स पाए जाते हैं, यही वजह कि ज्यादातर हेल्थ एक्सपर्ट्स अच्छी सेहत के लिए इसके सेवन की सलाह देते हैं. दूध का इस्तेमाल कई तरीके से किया जाता है, कुछ लोग इसे डायरेक्ट पीते हैं या फिर डेरी प्रोडक्ट्स को खाकर भी इस सुपरफूड का फायदा उठाया जा सकता है.
दूध कच्चा पिएं या उबालकर?
जब दूध को डायरेक्ट पीने की बात की जाती है तो इस चीज को लेकर बहस सबसे ज्यादा होती है कि दूध को कच्चा पीना चाहिए या उबालकर? आइए आज हम इस सच्चाई से आपको रूबरू कराने जा रहे हैं.
कच्चा दूध पीने से क्या होगा?
सच्चाई ये है कि कच्चा दूध पीने से सेहत को नुकसान पहुंच सकता है. अमेरिका की स्वास्थ्य सुरक्षा एजेंसी ‘फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन’ के मुताबिक कच्चे दूघ में कई हानिकारक बैक्टीरिया हो सकते हैं जैसे एशेरिकिया कोलाए और लिस्टेरिया , साल्मोनेला वगैरह. कच्चा दूध पीने से किसी भी इंसान को फूड प्वॉइजनिंग की शिकायत हो सकती है.
कच्चे दूध के साइड-इफेक्ट्स
कच्चे दूध में बैक्टीरिया पाया जाता है जो हमारे शरीर को दूषित कर सकता है और बीमारियों जैसे रिएक्टिव गठिया, डायरिया और डिहाइड्रेशन का कारण बन सकता है. कच्चा दूध पीने से आपके शरीर में एसिड लेवल भी बढ़ जाता है. जरूरी है कि एसिड लेवल को काबू में रखा जाए.
जब कच्चा दूध निकाला जाता है, तो ये पशु थन या कभी-कभी मल के संपर्क में आता है. इसकी वजह से दूध के दूषित होने की संभावना कई गुना बढ़ जाती है. इसलिए, दूध का कच्चा पीना बहुत असुरक्षित होता है.
कच्चे दूध में बैक्टीरिया की मौजूदगी के कारण ट्यूबरक्लोसिस होने की संभावना भी बढ़ सकती है. हालांकि, कच्चे दूध में कई पोषक तत्व मिलते हैं. लेकिन, एक सच्चाई ये भी है कच्चा दूध बैक्टीरिया को आकर्षित करता है. इसलिए, कच्चा दूध उबले दूध के मुकाबले बहुत जल्दी खराब हो जाता है. कमजोर इम्यून सिस्टम वाले लोगों को कच्चा दूध पीने से परहेज करना चाहिए.
कच्चे दूध में हो सकती है गंदगी
कच्चा दूध पीना इसलिए भी हानिकारक है क्योंकि जब जानवर का दूध निकाला जाता है तो थन दूषित हो सकता है इसके अलावा अगर इसरे लिए साफ हाथों और साफ बर्तन का इस्तेमाल नहीं किया गया तो गंदगी दूध में आ सकती है. इसलिए जरूरी है कि हम दूध को उबालकर ही पिएं जिससे बैक्टीरियाज मर जाएं.