यूट्यूब, ट्विटर और फेसबुक ने यूक्रेन और रूस के बीच चल रहे यूद्ध को ध्यान में रखकर रशियन चैनल के खिलाफ सख्त कदम उठाया है।

दुनिया की दिग्गज सोशल मीडिया कंपनी यूट्यूब , ट्विटर और फेसबुक ने यूक्रेन और रूस के बीच चल रहे यूद्ध को ध्यान में रखकर रशियन चैनल पर सख्त कार्रवावई की है। बता दें कि यूक्रेन और रूस के बीच चल रही जंग में अब तक 100 से अधिक लोग जान गवा चुके हैं। मेटा की सिक्योरिटी पॉलिसी के हेड नथानिएल ग्लीचर ने भी ट्वीट किया कि कंपनी की प्लानिंग यूजर्स के लिए इन पेजों और उनकी कंटेंट को अपने प्लेटफार्मों पर ढूंढना मुश्किल बनाना है. यह इन आउटलेट्स के लिंक को फेसबुक और इंस्टाग्राम दोनों पर भी लेबल करेगा, इसलिए जो लोग उन्हें देखते हैं, उनके पास क्लिक करने या शेयर करने से पहले डिटेल होगई. फेसबुक ने 25 फरवरी को विवाद की निगरानी के लिए एक स्पेशल ऑपरेशन सेंटर की भी अनाउंसमेंट की थी. इसने यह भी कहा कि यह यूक्रेन में यूजर्स को सुरक्षा के लिए अपने सोशल मीडिया प्रोफाइल को लॉक करने की सुविधा देगा.
28 फरवरी को, इसने फेसबुक और इंस्टाग्राम पर 40 फर्जी अकाउंट, ग्रुप्स और पेजों के एक नेटवर्क को हटा दिया. ये अकाउंट रूस और यूक्रेन से ऑपरेट हो रहे थे और प्रो-रूस इन्फॉर्मेशन कैंपेन के साथ यूक्रेन में लोगों को टारगेट कर रहे थे. एक अलग घटना में, कंपनी ने एक हैकिंग ग्रुप के बारे में भी बताया जो यूक्रेन में पब्लिक फिगर्स को टारगेट करने के लिए फेसबुक का इस्तेमाल कर रहा था.
रूस के खिलाफ ट्विटर ने उठाया ये कदम
1 मार्च को, ट्विटर ने घोषणा की कि वो मंच पर ऐसी कंटेंट के प्रसार को कम करने के लिए कदम उठाते हुए सभी रूसी सरकार से जुड़ी मीडिया वेबसाइटों पर लेबल जोड़ना शुरू कर देगा. ट्विटर पर साइट इंटीग्रिटी के हेड योएल रोथ ने यह अनाउंसमेंट करते हुए कहा कि कंपनी रूसी मीडिया आउटलेट्स के लिंक शेयर करने के लिए एक दिन में 45,000 से अधिक ट्वीट देख रही थी. ट्विटर ने रूस और यूक्रेन दोनों में विज्ञापनों को पहले ही रोक दिया है और संकट के संदर्भ में समयरेखा संकेत भी लॉन्च किए हैं.
गूगल और यूट्यूब भी कर रहे विरोध
गूगल पे ने रूस में काम करना बंद कर दिया है, कंपनी की गूगल मैप्स सर्विस अब यूक्रेन में लाइव ट्रैफिक डेटा नहीं दिखा रही है. यह यूक्रेन में निवासियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए किया गया है. इसके अलावा, यूट्यूब ने यह भी घोषणा की कि वो पूरे यूरोप में आरटी और स्पुतनिक सहित रूसी स्टेट समर्थित मीडिया आउटलेट से जुड़े चैनलों को ब्लॉक करना शुरू कर देगा.
यूट्यूब ने पहले घोषणा की थी कि वो RT के आधिकारिक चैनल को प्लेटफॉर्म पर बंद कर देगा. अल्फाबेट ने यह भी घोषणा की कि उसने अपने प्ले स्टोर से आरटी और स्पुतनिक से जुड़े मोबाइल ऐप को ब्लॉक कर दिया है.
रूस में नहीं बिकेंगे एपल के प्रोडक्ट
एप्पल ने रूस में आईफ़ोन, आईपैड, मैक, एप्पल वॉच आदि सहित अपने प्रोडक्ट्स की बिक्री रोक दी है. इसके अलावा, आरटी और स्पुतनिक के ऐप्स को भी रूस के बाहर ऐप स्टोर से हटा लिया गया है. गूगल की तरह, एप्पल ने भी यूक्रेन में अपनी एप्पल मैप्स सेवा पर ट्रैफिक और लाइव इवेंट्स दोनों को रोक दिया है. कंपनी ने रूस में अपनी एप्पल पे सर्विस के उपयोग को भी सीमित कर दिया.
स्पेसएक्स ने की यूक्रेन की मदद
देश पर रूस के हमले के दौरान, कई यूक्रेनी शहरों को इंटरनेट की दिक्कत का सामना करना पड़ा. ऐसे में स्पेसएक्स के फाउंडर एलन मस्क से अपील करने के बाद स्पेसएक्स ने यूक्रेन को स्टारलिंक टर्मिनल्स का एक शिपमेंट भेजा. स्टारलिंक टर्मिनल्स का उपयोग स्टारलिंक के हाई स्पीड इंटरनेट तक पहुंचने के लिए किया जा सकता है.
दो दिन पहले मस्क ने देश में इस सर्विस को एक्टिवेट करने को लेकर ट्वीट किया था. यूक्रेन के वॉइस पीएम और डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन मिनिस्टर माईखाइलो फेडोरोव ने एक ट्वीट में स्टारलिंक टर्मिनल्स मिलने की पुष्टि की और एलन मस्क को धन्यवाद दिया.