देश की दिग्गज तेल कंपनियों ने रविवार, 13 फरवरी के लिए पेट्रोल और डीजल की नई कीमतें जारी कर दी हैं. आज भी ईंधन की कीमतों में किसी तरह का कोई बदलाव नहीं हुआ है. देशभर में पेट्रोल और डीजल के भाव 102 दिन से स्थिर हैं.

पेट्रोल और डीजल बनाने के लिए कच्चे तेल का इस्तेमाल किया जाता है. इसलिए, जब कच्चे तेल के दाम बढ़ते हैं तो पेट्रोल-डीजल भी महंगा हो जाता है. लेकिन अभी कच्चे तेल के भाव बढ़ने के बावजूद देश में ईंधन के भाव स्थिर हैं.भारत में 102 दिनों से पेट्रोल-डीजल के भाव में किसी तरह का कोई बदलाव नहीं हुआ है. बताए तो देशभर में आखिरी बार 4 नवंबर, 2021 को पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बदलाव किया गया था. उसके बाद से ही देश के जिस शहर में पेट्रोल-डीजल की जो कीमतें थीं, वहां आज भी वही कीमतें हैं. दिल्ली, मुंबई, चेन्नई, कोलकाता, बेंगलुरू, अहमदाबाद, भोपाल, चंडीगढ़, श्रीनगर जैसे के तमाम शहरों और जिलों में पिछले 3 महीनों से पुरानी कीमतों पर ही पेट्रोल-डीजल की बिक्री हो रही है. उधर, दूसरी ओर अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें बढ़ती ही जा रही हैं. इंटरनेशनल मार्केट में क्रूड ऑयल के दाम 95 डॉलर प्रति बैरल के नजदीक पहुंच चुके हैं.
कच्चे तेल की कीमतों में तेजी जारी
रिपोर्ट के मुताबिक रविवार, 13 फरवरी को अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें 94.44 डॉलर प्रति बैरल पर ट्रेड कर रही है. रविवार को अंतरराष्ट्रीय बाजार में डब्ल्यूटीआई क्रूडकी कीमतें 93.10 डॉलर हो गई हैं, जो शनिवार को भी इतनी ही थी. आज कच्चे तेल के भाव 94.44 डॉलर प्रति बैरल के स्तर पर पहुंचे हुए हैं. बताते चलें कि शनिवार को भी इसकी कीमतें 94.44 डॉलर ही थीं.
कच्चा तेल महंगा होने के बावजूद देश में स्थिर हैं ईंधन के भाव
जहां एक तरफ अंतरराष्ट्रीय बाजारों में कच्चे तेल के दाम बढ़ते जा रहे हैं, वहीं दूसरी ओर देशभर में 102 दिन से पेट्रोल-डीजल के दाम स्थिर हैं. आमतौर पर, पेट्रोल और डीजल के दाम कच्चे तेल के दामों पर निर्भर करते हैं. दरअसल, पेट्रोल और डीजल बनाने के लिए कच्चे तेल का इस्तेमाल किया जाता है. इसलिए, जब कच्चे तेल के दाम बढ़ते हैं तो पेट्रोल-डीजल भी महंगा हो जाता है. लेकिन अभी कच्चे तेल के भाव बढ़ने के बावजूद देश में ईंधन के भाव स्थिर हैं.